बजट से आम आदमी मायूस
रुड़की।
आर्थिक मामलों के विशेषज्ञ डॉ. सुरजीत सिंह गांधी का कहना है कि वित मंत्री का पूरा फोकस देश के आधारिक संरचना को मजबूत करने पर रहा है। अर्थव्यवस्था को गति देने और वैश्विक स्तर के बुनियादी ढांचे के विकास के लिए देश के समक्ष विकास का ब्लूप्रिंट रखा है। पीएम गति शक्ति में सड़क, रेलवे, राजमार्ग, बंदरगाह, सार्वजनिक परिवहन आदि पर जोर है। राजकोषीय घाटे को 6.4 प्रतिशत तक सीमित करते हुए वर्ष 2023 को मोटा अनाज वर्ष घोषित करने के साथ-साथ पोस्ट आफिस एवं बैंकों के बीच के गैप को कम करने का प्रयास किया गया है। लेकिन आम आदमी इस बजट से मायूस ही है। डिजिटल इंडिया एवं शिक्षा की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया गया है। कार्बन उत्सर्जन को कम करने हेतु इलेक्ट्रिक वाहनों को लोकप्रिय बनाने हेतु बैटरी की अदला बदली के साथ इलेक्टिक स्टेशन बनाने पर भी बल दिया गया है। क्रिप्टोकरेंसी को कर दायरे में लाते हुए विस्तार किया गया है। रेलवे क्षेत्र में 100 गति शक्ति कार्गो टर्मिनल का भी विकास किया जाएगा। ग्रामीण ट्रांसपोर्ट को रेलवे के साथ जोड़ा जाएगा। छोटे किसानों के लिए रेलवे की आधरिक संरचना मजबूत होगी। पोस्टल और रेलवे का नेटवर्क बेहतर होगा। अगले तीन वर्ष में इसे अमल में लाया जाएगा। शहरों में मेट्रो सिस्टम बेहतर किए जाएंगे और स्टेशनों के बीच मल्टी मॉडल कनेक्टिविटी भी बनाई जाएगी।
