कोटद्वार की पेयजल आपूर्ति योजनाओं एवं सीवर समस्या निराकरण के संबंध में विस अध्यक्ष ने ली बैठक
देहरादून
उत्तराखंड विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण ने कोटद्वार विधानसभा क्षेत्र से जुड़ी पेयजल आपूर्ति की योजनाओं एवं सीवर समस्याओं के निराकरण के संबंध में पेयजल विभाग के उच्च अधिकारियों के साथ बैठक की। आज दून स्थित अपने शासकीय आवास पर आयोजित बैठक के दौरान विधानसभा अध्यक्ष ने कोटद्वार विधानसभा क्षेत्र में पेयजल की समस्या के निराकरण संबंधित प्रस्तावित योजनाओं को लेकर अधिकारियों से बातचीत की एवं अधिकारियों से कोटद्वार में स्वीकृत एवं प्रस्तावित पेयजल योजनाओं के बारे में जानकारी ली। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री घोषणा के अंतर्गत क्षेत्र में तीन ट्यूबवेल एवं आठ किलोमीटर पाइप लाइन बिछाए जाने के लिए शासन में लंबित प्राक्कलन को शीघ्र वित्तीय स्वीकृति दिए जाने के लिए पेयजल सचिव को कहा गया है, वहीं विधानसभा अध्यक्ष ने जल संस्थान के अधिकारियों को 50 किलोमीटर टूटी फूटी पाइपलाइन को बदल कर नई पाइप लाइन बिछाये जाने के लिए एक हफ्ते में प्राक्कलन तैयार कर शासन को प्रेषित करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि कोटद्वार में अन्य नौ ट्यूबवेल प्रस्तावित हैं जिन्हें अगले सत्र के बजट प्रस्ताव में रखने के लिए कहा है। विधानसभा अध्यक्ष ने खराब व पुराने मोटर पंप सेट की जगह नए पंप सेट लगाने के लिए अपनी विधायक निधि देने की बात कही, वहीं कुछ धनराशि विभाग को भी खर्च करने के लिए कहा है। कोटद्वार क्षेत्र में जीर्णशीर्ण सीवर लाइन के मरम्मत के लिए 72 लाख रुपए का प्रस्ताव शासन में लंबित है उसे भी वित्तीय स्वीकृति दिए जाने के लिए पेयजल सचिव से बात की। इस अवसर पर उन्होंने इसके अलावा कोटद्वार में नमामि गंगे योजना के अंतर्गत स्वीकृत नाला टैपिंग एवं एसटीपी प्लांट के निर्माण कार्य को शीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने बैठक के दौरान पेयजल विभाग के अधिकारियों को कोटद्वार शहरी क्षेत्र में अमृत 2.0 के तहत होने वाले निर्माण कार्यों के लिए प्रस्ताव शीघ्र ही भारत सरकार को भेजने के लिए कहा है। बता दे कि भारत सरकार की अमृत 2.0 योजना में शहरी क्षेत्र के हर घर को पानी कनेक्शन मिलेगा। हर घर को सीवर या सेप्टिक टैंक से जोड़ने की योजना है। इस अवसर पर जल संस्थान की मुख्य महाप्रबंधक नीलिमा गर्ग, जल निगम के अधीक्षण अभियंता संजय सिंह, नमामि गंगे के अधीक्षण अभियंता दीपक मलिक, जल संस्थान के अधिशासी अभियंता संतोष कुमार उपाध्याय मौजूद रहे।
