22 जनवरी को अयोध्या में होने वाले प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए देश-विदेश में हिंदुओं का उत्साह देखते ही बन रहा है। जहां देश में लोग अपने अपने ढंग से 22 जनवरी को दीवाली मनाने की तैयारी कर रहे हैं वहीं विदेशों में भी रामभक्त कार रैलियां करके या मंदिरों में उत्सव आयोजित करके अपनी खुशी का इजहार कर रहे हैं। इस बीच, राम मंदिर को लेकर राजनीति भी जारी है। जहां एक ओर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने मंत्रियों को निर्देश दिया है कि किसी भी नकारात्मक बयानबाजी से बचें तो वहीं दूसरी ओर विपक्षी इंडी गठबंधन के नेता राम मंदिर को लेकर लगातार अनर्गल बयान दे रहे हैं।
लेकिन इन सबसे इतर अयोध्या नगरी 22 जनवरी के कार्यक्रम के लिए सज-धज कर तैयार हो रही है। तैयारियों का जायजा लेने खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अयोध्या पहुँचे। नए साल में रामनगरी की पहली यात्रा पर आए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रामलला एवं हनुमानगढ़ी के दर्शन-पूजन किए। योगी आदित्यनाथ सबसे पहले हनुमानगढ़ी गए और वहां दर्शन-पूजन किया। इसके बाद मुख्यमंत्री रामलला के दरबार में गए और वहां शीश नवाया। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों के सुखी-स्वस्थ जीवन की प्रार्थना की। हम आपको बता दें कि इसके पहले मुख्यमंत्री ने 29 दिसंबर को अयोध्या में पूजा-अर्चना की थी। नए साल में योगी आदित्यनाथ ने रामनगरी की यात्रा के दौरान विकास से जुड़ी योजनाओं-परियोजनाओं का जायजा लिया। मुख्यमंत्री ने राममंदिर से जुड़े कार्यों का अवलोकन भी किया। उन्होंने अयोध्या नगर निगम की ओर से बनाई गयी टैंट सिटी का भी जायजा लिया। मुख्यमंत्री ने टैंट सिटी पहुँच कर वहां की सभी व्यवस्थाएं देखीं और साफ-सफाई, गर्म पानी और भोजन आदि की व्यवस्थाओं का अवलोकन करने के बाद उनकी सराहना की। मुख्यमंत्री के दौरे पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए हनुमानगढ़ी मंदिर के महंत राजू दास ने बताया कि योगी ने अयोध्या के विकास कार्यों का पूरा जायजा लिया। हम आपको यह भी बता दें कि अयोध्या में 22 जनवरी को होने वाले प्राण प्रतिष्ठा समारोह में भाग लेने के लिए जो साधु संत या पुजारीगण आ रहे हैं। उनके ठहरने की भी उचित व्यवस्था की गयी है।